कविताएँ

कविताएँ

वो चोंच…

वो नन्हीं सी चोंच जो आसमान की ओर उठी इंतज़ार करती थी अनाज के एक दाने का  कोई था, जो […]

कविताएँ

छोटे भाई

ये जो छोटे भाई होते हैंये ही हमें बड़ा बनाते हैंये मुट्ठी से रेत की तरह फिसलते हैंकभी पीछे, तो […]

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